ब्रेकिंग न्यूज़
मोदी के जन्मदिन पर गोमती तट पर उतरेगा भोजपुरी समाज, श्रमदान से स्वच्छता और वृक्षारोपण का संदेश | UCC पर अमित शाह को बधाई, अखिलेश पर ब्रिज लाल का तीखा हमला | अभियंता दिवस पर आगे कौन, पीछे कौन? | पंकज सिंह से मिले जितेन्द्र प्रताप सिंह, नोएडा कार्यक्रम में सपरिवार सहभागिता का आमंत्रण | गौ सेवा आयोग में नई जिम्मेदारी, भानु प्रकाश पांडेय का मधुबन में जोरदार स्वागत | मोदी के जन्मदिन पर गोमती तट पर उतरेगा भोजपुरी समाज | सड़क किनारे कचरे का पहाड़ देख हाईकोर्ट सख्त, नगर निगम को स्थायी समाधान का आदेश | ₹5 लाख का इलाज, ₹5 लाख की कल्याण निधि, 900 नई अदालतें—योगी ने खोला न्याय का नया अध्याय | मोदी के जन्मदिन पर गोमती तट पर उतरेगा भोजपुरी समाज, श्रमदान से स्वच्छता और वृक्षारोपण का संदेश | UCC पर अमित शाह को बधाई, अखिलेश पर ब्रिज लाल का तीखा हमला | अभियंता दिवस पर आगे कौन, पीछे कौन? | पंकज सिंह से मिले जितेन्द्र प्रताप सिंह, नोएडा कार्यक्रम में सपरिवार सहभागिता का आमंत्रण | गौ सेवा आयोग में नई जिम्मेदारी, भानु प्रकाश पांडेय का मधुबन में जोरदार स्वागत | मोदी के जन्मदिन पर गोमती तट पर उतरेगा भोजपुरी समाज | सड़क किनारे कचरे का पहाड़ देख हाईकोर्ट सख्त, नगर निगम को स्थायी समाधान का आदेश | ₹5 लाख का इलाज, ₹5 लाख की कल्याण निधि, 900 नई अदालतें—योगी ने खोला न्याय का नया अध्याय |
हाइलाइट न्यूज़
सभी विभागों में रिक्त पदों को तत्काल भरें, कतई न हो देर: मुख्यमंत्री भारतीय जनता पार्टी लखनऊ महानगर कार्यालय में नामित पार्षदों का गरिमामय अभिनंदन एमएलसी पवन सिंह चौहान के एसआरजीआई कॉलेज में फ्रेशर पार्टी: दिग्गजों की मौजूदगी से गूंजे हाउस द जोश के नारे रामलला मंदिर निर्माण की प्रगति और अयोध्या के विकास का मुख्यमंत्री लेंगे जायजा ,मुख्यमंत्री का दौरा विधान सभा के इस विशेष सत्र के कार्यक्रम को आज अन्तिम रूप दे दिया गया-हृदय नारायण दीक्षित समाजवादी पार्टी के वृक्षारोपण अभियान का समापन, अखिलेश यादव ने बरगद का पेड़ लगाकर दिया पर्यावरण संरक्षण का संदेश कलयुगी बहू का साथ निभाने में डायल112 नम्बर पिछे नही “आर्थिक नियंत्रण, राजनीतिक केंद्रीकरण और सामाजिक विभाजन का नया दौर : क्या देश एक निर्णायक मोड़ की ओर बढ़ रहा है?” सभी विभागों में रिक्त पदों को तत्काल भरें, कतई न हो देर: मुख्यमंत्री भारतीय जनता पार्टी लखनऊ महानगर कार्यालय में नामित पार्षदों का गरिमामय अभिनंदन एमएलसी पवन सिंह चौहान के एसआरजीआई कॉलेज में फ्रेशर पार्टी: दिग्गजों की मौजूदगी से गूंजे हाउस द जोश के नारे रामलला मंदिर निर्माण की प्रगति और अयोध्या के विकास का मुख्यमंत्री लेंगे जायजा ,मुख्यमंत्री का दौरा विधान सभा के इस विशेष सत्र के कार्यक्रम को आज अन्तिम रूप दे दिया गया-हृदय नारायण दीक्षित समाजवादी पार्टी के वृक्षारोपण अभियान का समापन, अखिलेश यादव ने बरगद का पेड़ लगाकर दिया पर्यावरण संरक्षण का संदेश कलयुगी बहू का साथ निभाने में डायल112 नम्बर पिछे नही “आर्थिक नियंत्रण, राजनीतिक केंद्रीकरण और सामाजिक विभाजन का नया दौर : क्या देश एक निर्णायक मोड़ की ओर बढ़ रहा है?”
उत्तर प्रदेश सरकार English

SIT हुई सख्त तो घोटालों पर लगा ब्रेक:सूबे में फर्जी डिग्री-मार्कशीट और भर्ती घोटालों पर हुई जांच; CBI की तर्ज पर काम करेगी एसआईटी

D

Dainik India News

5655 views
SIT हुई सख्त तो घोटालों पर लगा ब्रेक:सूबे में फर्जी डिग्री-मार्कशीट और भर्ती घोटालों पर हुई जांच; CBI की तर्ज पर काम करेगी एसआईटी

◆सीएम योगी की जीरो टॉलरेंस नीति से सुपर एक्टिव हुई एसआईटी 

◆पिछले पांच वर्षों में दोगुनी रफ्तार से मामलों का किया निपटारा 

हरिंद्र सिंह दैनिक इंडिया न्यूज़ लखनऊ: यूपी पुलिस के राज्य विशेष अनुसंधान दल (एसआईटी) की सख्ती का असर प्रदेश में बड़े घोटालों के मामलों में निस्तारण के रूप में देखने को मिल रहा है। एसआईटी द्वारा उठाए गए कदमों का ये असर हुआ है कि प्रदेश में फर्जी डिग्री-मार्कशीट, सरकारी विभागों में भर्ती घोटाला, राजस्व की चोरी और छात्रवृत्ति में अनियमितता जैसे तमाम बड़े घोटालों पर अंकुश लगा है। एसआईटी ने पिछले पांच वर्षों में न केवल गंभीर आर्थिक अपराधों और प्रकरणों का समयसीमा में निस्तारण किया, बल्कि जिन संस्थानों में इस तरह के गंभीर मामले देखने को मिल रहे हैं, उन्हें भी सुझाव देने के साथ ही उनके लूप होल्स से अवगत कराया है। इसका नतीजा यह रहा कि गंभीर मामलों पर रोक लगने के साथ ही दोबारा ऐसे गंभीर मामलों नहीं हुए। इतना नहीं एसआईटी ने पिछले पांच वर्षों में काफी रफ्तार से पेंडिंग मामलों के साथ वर्तमान मामलों को निस्तारित किया। साथ ही अपने ऑफिस को पूरी तरह से डिजिटाइज किया गया, जिससे मामलों के निस्तारण में तेजी दिखी। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने एसआईटी के इन प्रयासों की सराहना की। वहीं दूसरी अन्य जांच एजेंसियों को भी एसआईटी से सीख लेकर अपनी कार्य प्रणाली में बदलाव की सलाह दी। मालूम हो कि योगी सरकार जीरो टॉलरेंस नीति के तहत काम कर रही है। इसी के तहत मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने हाल ही में यूपी पुलिस की सभी इकाइयों की समीक्षा बैठक की थी, जिसमें उन्होंने एसआईटी की कार्यप्रणाली की काफी तारीफ की थी। 

पिछले दस वर्षों की तुलना में पांच वर्षों में दोगुने मामले निपटाये गये 

एसआईटी डीजी रेणुका मिश्रा ने बताया कि विभाग की ओर से पिछले पांच वर्षों में दोगुनी रफ्तार से मामलों की जांच और विवेचना की गयी। इस दौरान वर्तमान के साथ वर्षों से लंबित चले आ रहे मामलों का भी तेजी से निस्तारण किया गया। वर्ष 2007 से 2016 के बीच 32 माह में जहां 47 मामलों का निस्तारण किया गया, वहीं वर्ष 2017-2023 के बीच 25 माह में ही दोगुनी के करीब 88 जांचों को पूरा किया गया। इसी तरह वर्ष 2007 से 2016 के बीच 31 माह में 40 मामलों की विवेचना पूरी की गयी, जबकि पांच वर्षों 2017 से 2023 के बीच 28 माह में 82 मामलों में विवेचना पूरी की गयी, जिसमें लंबित मामले भी शामिल हैं। इन मामलों में 1203 करोड़ की राजस्व क्षति को रोका गया। वहीं 351 दोषी कर्मचारी और अधिकारियों पर कार्रवाई की गयी, जबकि 1002 को सजा दिलायी गयी। विभाग ने मामलों के निस्तारण में तेजी लाने के लिए अपना खुद 100 दिन का टारगेट सेट किया, जिसमें कुल लंबित 82 मामलों के आधे मामलों के निस्तारण का लक्ष्य रखा गया, जिसमें 41 मामले निपटाये गये। इसी तरह पिछले 6 माह में वर्ष 2021 से पूर्व के लंबित मामलों के निस्तारण का लक्ष्य रखा गया, जिसमें 42 पुराने और 12 मामले नये निपटाये गये।

सीबीआई की तर्ज पर काम करेगी एसआईटी

डीजी रेणुका मिश्रा ने बताया कि सभी मामलों की जांच और विवेचना में तेजी लाने के लिए विभाग में कई परिवर्तन किये गये, जिससे इस लक्ष्य को प्राप्त किया जा सके। इसके लिए विभाग का पूरी तरह से कंप्यूटराइजेशन, डिजिटाइजेशन किया गया। इसके साथ अधिकारियों और विवेचक को टैबलेट दिये गये। वहीं विभाग में ई ऑफिस और केस मैनेजमेंट सिस्टम को लागू किया गया, जिससे जांच और विवेचनाओं की पत्रवालियों को एक क्लिक पर पढ़ा जाने लगा और संबंधित अधिकारी को उसकी कमी से अवगत कराते हुए तत्काल अपडेट किया गया। वहीं जांच और विवेचना की डिटेल किसके पास कितनी जांच है, उसकी क्या प्रगति है और वह कितने समय से लंबित है आदि का डाटा ई ऑफिस पर होने से मामलों के निस्तारण में तेजी आयी। डीजी ने बताया कि विभाग ने सीबीआई के मानकों के आधार पर 3 माह में जांच और 1 साल में विवेचना पूरी करने का लक्ष्य रखा है, जिसे जल्द पूरा कर लिया जाएगा।

फोटो गैलरी

टिप्पणियाँ

अभी कोई टिप्पणी नहीं। पहले टिप्पणी करें!